Thursday, January 21, 2010

बीबी की क्लोनिंग !

नित बढ्ती जरुरतों,
थकान और मानसिक तनावों
के मध्यनजर,
यह जरूरी हो गया,
यहां हर पुरुष के लिये,
कि उसके पास
कम से कम
पांच बीबियां हों,
उसकी मदद के लिये,
एक खाना खिलाये,
एक कपडे धोये,
एक घर संभाले,
एक बच्चे संभाले,
एक हर वक्त
उसके साथ रहकर,
उसकी मदद करे,
जब वो काम से थक जाये,
उसके हाथ-पैर दबाये,
इसलिये कम से कम पांच तो होनी चाहिये ही, ये उनका मत है !

मगर पुरुष,
कानून से डरता है ,
क्योंकि अपना कानून
एक से ज्यादा रखने की
मनाही करता है,
वह अब सोचता है कि
कानून की नजरों मे
धूल कैसे झोंकी जाती है,
पांचो बीबियां एक जैसी हों,
बाकी चार ने तो
घर पर ही रहना है,
बाहर साथ तो सिर्फ़ एक जाती है,
इसलिये जनाव आजकल “क्लोनिंग-शास्त्र” मे अध्ययनरत है !!


.

10 comments:

संजय बेंगाणी said...

भाभीजी की पोस्ट पीछे पीछे आती ही होगी, पति की क्लोनिंग :)

जी.के. अवधिया said...

"यह जरूरी हो गया,
यहां हर पुरुष के लिये,
कि उसके पास
कम से कम
पांच बीबियां हों,"

भाई गोदियाल जी, एक से ही निबटना मुश्किल है यहाँ पर और आप पाँच की बात कर रहे हैं, हमें तो बख्श ही दीजिये।

अजय कुमार said...

आप अपने कदम बहकाने का रस्ता बना रहे हैं

रंजना said...

Ha ha ha ha...patniyan bhi isi tarah pati ki cloning karane lage to ??????

Mired Mirage said...

बीबियाँ या बाँदियाँ?
घुघूती बासूती

ताऊ रामपुरिया said...

हम तो आपकी हां मे हां मिलाने वाले ही थे कि उपर संजय बेंगाणी जी टिप्पणी पर नजर पड गई और हमको हमारा चंद्रमा दिख गया तो अब आपसे सहमत होकर हमें हाथ पैर नही तुडवाने.:)

रामराम.

पं.डी.के.शर्मा"वत्स" said...

गौदियाल जी, आप तो ऎसे न थे...या फिर हम ही आपको समझने में भूल करते रहे :)

Arvind Mishra said...

कहीं क्लोनिंग शास्त्र पत्नियों ने व्यवहार में ला दिया तो ?

ali said...

:)

Tarkeshwar Giri said...

Please , Dont do this type . Bhabhi ji naraj ho jayengi

Aur Ranjana Ji ne sahi kaha hai